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आनलाईन अध्ययन सामग्री- कक्षा 6 वीं विषय विज्ञान अध्याय 1 हमारी पृथ्वी


 शिक्षक साथियों सादर नमस्कार
कोविड 19 के लाकडाउन में आनलाईन पद्धति से बच्चों व शिक्षकों के विषय ज्ञान को बढ़ावा देने कक्षा 6 वीं विज्ञान के अध्याय 1हमारी पृथ्वी को लेकर आनलाईन अध्ययन सामग्री तैयार की गयी है जिसमें पाठ्य पु़स्तक सहित पाठ के महत्वपूर्ण बिंदूओं का संग्रह है अंत में क्विज भी उपलब्ध है। इसे बच्चों के साथ शिक्षकगण भी कर सकते है। अपना विषय ज्ञान को जरूर जांचे और सभी बच्चों तक इसे पहुंचाये धन्यवाद








(पाठ के महत्वपूर्ण बिंदूओं का अध्ययन करें)

1. पृथ्वी पर पेड़ पौधे पशु, पक्षी, मैदान, मरूस्थल व पहाड़, नदिया, झीले व महासागर पाये जाते है।
2. पृथ्वी की आकृति गोल है।
3. पृथ्वी के बाहर का स्थान अंतरिक्ष कहलाता है। राकेट से अंतरिक्ष पर जाया जाता है। अंतरिक्ष में जाने वाले अंतरिक्ष यात्री कहलाते है।
4. पृथ्वी गेंद के समान गोल है। यह भीतर से खोखली नहीं बल्कि ठोस है। इसकी सतह समतल नहीं बल्कि इस पर पहाड़ व गहरी घाटिया है।
5. भूपर्पटी पृथ्वी की सबसे बाहरी परत है। यहां जीवधारी जीवन यापन करते है। इसमें खनिज पदार्थ मिलता है।
6. खनिज पदार्थ, पेट्रोलियम व प्राकृतिक गैसे भूपर्पटी में मिलती है।
7. भूपर्पटी के नीचे गर्म पिघली चट्टान की मोटी परत प्रावार है। यह पृथ्वी की मध्य परत है। इसमें पिघली चट्टाने व विभिन्न गैसें पायी जाती है।
8. प्रावार के नीचे पृथ्वी का सबसे भीतरी भाग क्रोड कहलाता है। इसके केन्द्रीय भाग में लोहा व निकल ठोस रूप में तथा बाहरी भाग में लोहा पिघले रूप में पाया जाता है।
9. उत्तरी व दक्षिणी ध्रुव सदैव बर्फ से ढके होते है। बर्फ जमा हुआ पानी है। पृथ्वी के ध्रुवों पर जल ठोस रूप में पाया जाता है।
10. ग्लोब व नक्शा में पृथ्वी के जल क्षेत्र को नीले रंग से दर्शाया जाता है। धु्रवों पर जमे बर्फ को सफेद रंग से               दर्शाया जाता है।
11. पृथ्वी पर पहाड़, खाई व मैदान स्थलमंडल कहलाता है।
12. पृथ्वी पर ठोस व द्रव्य युक्त जलक्षेत्र जलमंडल कहलाता है।
13. पृथ्वी के चारों ओर हवा है इसे हम देख नहीं सकते है। पृथ्वी के चारों ओर उपस्थित वायु का घेरा वायुमण्डल         कहलाता है।  वायु का 99 प्रतिशत लगभग 40 कि.मी. की ऊंचाई तक पाया जाता है।
14. वायु में आक्सीजन की मात्रा 21 प्रतिशत होती है।
15. वायु में नाइट्रोजन की मात्रा 78 प्रतिशत होती है।
16. चूने के पानी को दूधिया कर देने वाली गैस कार्बन डाइ आक्साईड है।
17. वायुमण्डल पृथ्वी का सुरक्षात्मक आवरण है। यह सूर्य से निकलने वाली पराबैगनी किरणों तथा सूर्य के अत्याधिक ताप के दुष्प्रभाव से हमें बचाती है।
18. पृथ्वी के क्षेत्रफल का तीन चैथाई भाग जलमंडल है।
19. पृथ्वी के क्षेत्रफल का एक चैथाई भाग स्थलमंडल है।
20. सूर्य एक तारा है। सूर्य से लगातार प्रकाश व ऊष्मा निकलते रहती है। सभी ग्रह सूर्य की निश्चित कक्षा में परिक्रमा करते है।
21. प्लूटो को ग्रहों की बिरादरी से बाहर किया जा चुका है।
22. उपग्रह आकाशीय पिण्ड है जो ग्रहों की परिक्रमा करते है। इनका स्वयं का प्रकाश नहीं होता है। उपग्रह दो प्रकार के होते है- प्राकृतिक व कृत्रिम
23.  सौर मण्डल अथवा सौर परिवार सूर्य, ग्रहों व उपग्रहों से बनता है।
24.  पृथ्वी का एकमात्र प्राकृतिक उपग्रह चंद्रमा है।
25. बुध तथा शुक्र ग्रह के एक भी उपग्रह नहीं है।
26. कृत्रिम उपग्रहों का उपयोग दूरदर्शन व आकाशवाणी प्रसारण में, टेलीफोन सेवा व मौसम की जानकारी लेने में तथा भूगर्भीय जानकारी प्राप्त करने में किया जाता है।
27. महान वैज्ञानिक आर्यभट्ट का जन्म सन् 476 ईस्वी में बिहार के पाटलीपुत्र में इनका जन्म हुआ था। इन्होंने सबसे पहले पृथ्वी के गोल होने व अक्ष पर घूमने के कारण दिन व रात होने की जानकारी दी। भारत के पहले उपग्रह का नाम इनके सम्मान में आर्यभट्ट रखा गया है।
28. आर्यभट्ट सिद्धांत पुस्तक के आधार पर पंचाग का निर्माण, दैनिक खगोलीय गणना व शुभ मुहूर्त तय करना निर्धारित होता है।
29. हरे पेड़ पौधे अपने भोजन निर्माण में कार्बन डाइ आक्साईड, सूर्य का प्रकाश व पानी का
उपयोग करते है।
30. सौरमंडल में पृथ्वी  शुक्र तथा मंगल ग्रहों के मध्य में स्थित है।

अध्ययन सामग्री का अध्ययन करने के उपरांत नीचे दी गयी लिंक पर जाये और क्विज करें -
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आनलाईन अध्ययन सामग्री- कक्षा 7 वीं विषय विज्ञान अध्याय 1 पृथ्वी पर जीवन

 शिक्षक साथियों सादर नमस्कार
कोविड 19 के लाकडाउन में आनलाईन पद्धति से बच्चों व शिक्षकों के विषय ज्ञान को बढ़ावा देने कक्षा 7 वीं विज्ञान के अध्याय 1 पृथ्वी पर जीवन को लेकर आनलाईन अध्ययन सामग्री तैयार की गयी है जिसमें पाठ्य पु़स्तक सहित पाठ के महत्वपूर्ण बिंदूओं का संग्रह है अंत में क्विज भी उपलब्ध है। इसे बच्चों के साथ शिक्षकगण भी कर सकते है। अपना विषय ज्ञान को जरूर जांचे और सभी बच्चों तक इसे पहुंचाये धन्यवाद




(पाठ के महत्वपूर्ण बिंदूओं का अध्ययन करें)
1. सभी जीवधारियों के लिए भोजन, जल और वायु आवश्यक है।
2. रेगिस्तान में चारों ओर रेत ही रेत होता है। पानी व छायादार वृक्षों की कमी होती है यहां दिन में अधिक गर्मी व रात में अधिक ठण्डी होती है।
3.पृथ्वी का उत्तरी व दक्षिणी ध्रुव बर्फ से ढकी होती है जहां कठिन परिस्थितियों में जीव निवास कर सकते है।
4. छत्तीसगढ़ राज्य की भौगोलिक स्थिति में कही बड़े-बड़े मैदान है। कही बड़े-बड़े पहाड़ है तो कही तालाब व घने जंगल है।
5. भारत देश तीन ओर से समुद्र से घिरा हुआ है। उत्तर में हिमालय पर्वत है। राजस्थान में रेगिस्तान तो उ.प्र. व बिहार में बड़े मैदान है।
6. रेगिस्तान में खेजड़ी नामक कांटेदार पेड़, नागफनी पाये जाते है। रेगिस्तान में चारों ओर रेत ही रेत पाये जाते है।
7. रेगिस्तान की खाद्य श्रृंखला में रेगिस्तानी छिपकली कीड़ों को खाते है। बाज व उल्लू छिपकली खाते है तथा रेगिस्तानी लोमड़ियां पक्षियों को खाते है।
8. समुद्री खाद्य श्रृंखला की पहली कड़ी काई (शैवाल) है।
9. पृथ्वी के उत्तरी ध्रुव को आर्कटिक प्रदेश कहते है। यहां चूहे, हिरण, खरगोश यहां के शाकाहारी जीव तथा भालू, भेड़िया, लोमड़ी, सील मांसाहारी जीव है।
10. ध्रुवीय भालू सफेद व बड़े होते है सील इसका मुख्य भोजन है। सील समुद्री जीव है जो कुत्ते समान दिखता है। समुद्र से बाहर निकलते ही भालू सील को खा जाता है।
11. इंडोनेशिया देश भारत का पूर्वी देश है जो 13 हजार द्वीपों से मिलकर बना है। सबसे बड़ा द्वीप बोर्निओ है जहां करोड़ों चमगादड़ रहते है। चमगादड़ कीड़े, फूलों का रस व फल खाते है।
12. बाज व उल्लू चमगादड़ को खाते है।
13. जहां जीवधारी रहते है तथा प्रजनन करते है वह जगह आवास कहलाता है।
14. भिन्न-भिन्न पर्यावरण में भिन्न-भिन्न जीवधारी रहते है। जीवधारियों का शरीर पर्यावरण के अनुसार ढल जाता है। जीवधारी बिना किसी कठिनाई के अपने आवास में रहते है।
15. सार्वजनिक स्थल में स्वच्छता प्रबंधन हेतु कूड़ा करकट निर्धारित स्थान में ही भेजना चाहिए। शौचालय का नियमित उपयोग व सफाई करना चाहिए तथा नल के आसपास स्वच्छता रखना चाहिए।
16. अलग-अलग पर्यावरण के जीवों के शरीर की रचना में अंतर होता है। अलग-अलग पर्यावरण के पौधों की रचना में अंतर होता है यह जीव जगत में विविधता कहलाता है।
17. पर्यावरण प्रदूषित होगा यदि सभी सजीव व निर्जीव घटकों में तालमेल नहीं होगा।
18ण् आर्कटिक प्रदेश के जीव जंतु के शरीर में अत्याधिक बाल होता है। ये अत्याधिक सर्दी को सहन कर सकते है। ये जंतु अधिकांशतः सफेद होते है।
19ण् रेगिस्तान में रहने वाले जीव जंतु कम पानी में भी गुजारा कर सकते है। ये अत्याधिक गर्मी सहन कर सकते है तथा ये ठण्डे प्रदेशों में नहीं रह सकते है।
20. चमगादड़ अन्य जीवों से अपनी सुरक्षा करने के लिए गहरी अंधेरी गुफाओं में रहते है।

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पठन विकास कौशल अभियान को सफल बनाने सक्ती ब्लाक में हुई बैठक ...



राज्य व्यापी पठन विकास कौशल कार्यक्रम को सफल बनाने शैक्षणिक जिला सक्ती के बीआरसीसी कार्यालय सक्ती में 13 मार्च 2020 शुक्रवार को ब्लाक भर के सभी शैक्षिक समन्वयकों की महत्वपूर्ण बैठक डाइट जांजगीर के विद्वान अकादमिक सदस्यों की उपस्थिति में संपन्न हुई जिसमें अभियान की बारिकियों पर विस्तार पूर्वक चर्चा की गयी। डाइट के व्याख्याता श्री प्रद्युम्न कुमार शर्मा ने अभियान की सफलता हेतु गांव के मुखिया सरपंच से लेकर, एसएमसी मेंबर्स, मेंटर्स, शिक्षकों व पालकों सभी से सहयोग लेने की बात कही। उन्होंने सभी सीएसी से उनके संकुलों में हो रही तैयारियों के संबंध में जानकारी ली। डाइट स्टाफ श्री एम.आर. चंद्रा ने पठन विकास कौशल के कार्ययोजना के बारे में मार्गदर्शन किया। डाइट के उप प्राचार्य श्री एल.के. पाण्डेय व श्री गोपेश कुमार साहू ने पठन विकास कौशल कार्यक्रम को ब्लाक में और कैसे बेहतर ढंग से संचालित करें इस संबंध में अपना मार्गदर्शन प्रदान किया। उन्होंने बताया कि जागरूकता रैली, दीवार लेखन, माताओं का उन्मुखीकरण के जरिये अभियान को बेहतर बनाया जा सकता है। पूरे योजना के तकनीकी बिंदूओं पर जिले के राष्ट्रीय नवाचारी शिक्षक श्री राजेश कुमार सूर्यवंशी ने प्रोजेक्टर के माध्यम से विस्तार पूर्वक जानकारी प्रदान की तथा उपस्थित शिक्षकों के तकनीकी समस्याओं का समाधान किया। ब्लाक के नोडल अधिकारी एबीईओ श्रीमती नीलिमा बड़गे ने पठन विकास कौशल की रूपरेखा व सक्ती ब्लाक के सभी संकुलों में हो रही तैयारियों का ब्यौरा दिया। श्रीमती बड़गे ने राज्य स्तरीय प्रशिक्षण में प्राप्त निर्देशों व अनुभवों पर बातचीत करते हुए सभी का मार्गदर्शन किया। कार्यक्रम का संचालन करते हुए वि.ख. स्त्रोत समन्वयक श्री एस.के. देवांगन ने मुस्कान पुस्तकालय के उपयोग, टीएलएम निर्माण व उसका उपयोग, अभियान का प्रचार प्रसार के संबंध में निर्देश दिए। इस बैठक में श्री जानकी प्रसाद सोनवानी संकुल केन्द्र जर्वे, लेखपाल श्री चैधरी संकुल केन्द्र रगजा, श्री कीर्ति कुमार चंद्रा संकुल केन्द्र टेमर, श्री छोटेलाल राव संकुल केन्द्र सकरेलीकला, श्री श्याम सिंह संकुल केन्द्र केरीबंधा, श्री रामकुमार राठौर संकुल केन्द्र बरपालीकला, श्री रामलाल राठौर संकुल केन्द्र सक्ती, श्री कीर्तन सिंह कंवर संकुल केन्द्र सकरेलीकला, श्री मदनमोहन जायसवाल संकुल केन्द्र नंदौरखुर्द, श्री संजीव कुमार साहू संकुल केन्द्र जेठा, श्री दिलबहार यादव संकुल केन्द्र जाजंग, श्री महेन्द्र प्रताप सिंह राठौर संकुल केन्द्र खैरा सहित राज्यपाल पुरस्कृत नवाचारी शिक्षक श्री शैल कुमार पाण्डेय, श्री पुष्पेन्द्र कुमार कौशिक उपस्थित रहे।







नोबेल कोरोना वायरस के लक्षण व बचाव पर डिजिटल स्कूल में जागरूकता कार्यशाला संपन्न


चीन देश से शुरू होकर विश्व के करीब 90 से भी अधिक देशों में तेजी से फैल चुका है। चीन के बाद इटली और ईरान जैसे देशों में यह तेजी से संक्रमित हो रहा है और अब नोबेल कोरेना वायरस भारत में भी प्रवेश कर चुका है। ऐसे में इस भयानक बीमारी से डरने की नहीं बल्कि जागरूक रहकर बचाव के उपाय करने की जरूरत है।
उक्त बातें नवागढ़ ब्लाक के शासकीय पूर्व मा. शाला नवापारा (अमोदा) के डिजिटल कक्ष में 11 मार्च 2020 बुधवार को आयोजित नोबेल कोरेना वायरस के लक्षण व बचाव कार्यशाला में शैक्षिक समन्वयक श्री अनिल कुमार पाण्डेय ने कही। इस दौरान राष्ट्रीय नवाचारी शिक्षक श्री राजेश कुमार सूर्यवंशी ने स्कूल के सभी बच्चों व समुदाय के लोगों को डिजिटल कक्ष में कोरेना वायरस आधारित विडियों दिखाते हुए विस्तार पूर्वक जानकारी प्रदान किया। कोरोना  के संबंध में उन्होंने बताया कि  कोरोना वायरस का सबसे पहला मामला चीन के वुहान शहर में सामने आया था। यहीं से इस खतरनाक वायरस की शुरुआत हुई थी। देखते ही देखते इस वायरस ने पहले पूरे शहर और उसके बाद पूरे प्रांत को अपनी जद में ले लिया था। जब तक चीन कुछ समझ पाता तब तक यहां हजारों लोग कोरोना वायरस के शिकार हो गए थे। चीन के अलावा इटली और ईरान में भी कोरोना वायरस तेजी से फैला है। यहां सैंकड़ों लोग कोरोना वायरस की जद में आ चुके हैं। इसके अलावा अमेरिका में भी यह घातक बीमारी तेजी से पैर पसार रही है। इसकी एक बानगी इसी से नजर आ रही है कि यूएस ने इसे लेकर नेशनल इमरजेंसी घोषित कर दी है। वायरस के लक्षण के संबंध में उन्होंने बताया कि सिरदर्द, खांसी, मांसपेशियों में दर्द, सांस लेने में परेशानी, बुखार व थकान जैसे प्रारंभिक लक्षण डाक्टरों द्वारा बताये जा रहे है। कार्यशाला में नवाचारी शिक्षक श्री राजेश कुमार सूर्यवंशी ने बताया कि जागरूक रहना ही इससे बचने का सबसे बड़ा उपाय है, हम सबको अपना हाथ बार-बार धोना चाहिए, अगर हम खांस या छींक रहे है तो हमें मास्क पहनना चाहिए, पालतू पशुओं से दूर रहे, भीड़ भाड़ वाले जगहों पर जाने से बचे, धूप में अधिक से अधिक रहने की कोशिश करें तथा किसी भी प्रकार से शारीरिक परेशानी आने पर अस्पताल जाकर डाक्टरों को दिखाये। प्रधान पाठक श्री कन्हैया लाल मरावी ने अपने संबोधन में कहा कि कोरोना वायरस को लेकर हम सबको सचेत होना बहुत जरूरी है। भारत में अभी तक ज्यादा केस नहीं है, लेकिन यह बीमारी बहुत तेजी से फैल रही है। राष्ट्रीय नवाचारी शिक्षक श्री राजेश कुमार सूर्यवंशी ने बताया कि सोशल मीडिया, न्यूज चैनल व समाचार पत्रों से प्राप्त जानकारी के आधार पर यह कार्यशाला बच्चों को जागरूक करने के उद्देश्य से आयोजित की गयी है जिसमें बच्चों को विडियों दिखाकर तथा बचाव के उपायों पर चर्चा कर जागरूक करने का प्रयास किया गया है। इस अवसर पर महिला समूह की अध्यक्ष कुमारी बेदबाई साहू, शिक्षक श्री अनंदराम सिदार, श्री सोनाउराम मांझी सहित समुदाय के लोग उपस्थित रहे।





अजीम प्रेमजी फाउण्डेशन जांजगीर में पठन विकास कौशल पर एक दिवसीय कार्यशाला संपन्न ...

राज्य व्यापी पठन कौशल कार्यक्रम का आयोजन 1 अप्रैल से 3 मई तक चलाया जाना है। आयोजन की तैयारियों को लेकर अजीम प्रेमजी फाउण्डेशन जांजगीर में 12 मार्च 2020 गुरूवार को एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन नगर पालिकाध्यक्ष श्री भगवानदास गढ़वाल के मुख्य आतिथ्य, जिला शिक्षा अधिकारी श्री के.एस. तोमर की अध्यक्षता व जिला नोडल अधिकारी श्री यू.के. रस्तोगी सहा. प्राध्यापक डाइट, विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी नवागढ़ श्री विजय कुमार लहरे के विशिष्ट आतिथ्य में संपन्न हुआ।
इस अवसर पर आयोजन के मुख्य अतिथि नगर पालिकाध्यक्ष श्री भगवान दास गढ़वाल ने सभी शिक्षकों से अपील करते हुए कहा कि अभियान की सफलता के लिए आप सभी तन मन से जुट जाये और शासन की इस योजना को सफल बनाये। उन्होंने कहा कि नगर पालिका इस अभियान में शिक्षा विभाग के साथ तैयार खड़ा है। 
जिला शिक्षा अधिकारी श्री के.एस. तोमर ने अपने संबोधन में नवागढ़ ब्लाक में अभियान की बेहतर तैयारी के लिए बीईओ को बधाई देते हुए कहा कि अभियान की सफलता सभी के सहयोग से संभव होगा। गांव के मुखिया सरपंच से लेकर, एसएमसी मेंबर्स, मेंटर्स, शिक्षक, पालक सभी पठन विकास कौशल के लिए काम करें तो बेहतर परिणाम अवश्य आयेगा। 
अभियान के जिला नोडल अधिकारी श्री यू.के. रस्तोगी सहा. प्राध्यापक डाइट जांजगीर ने अपने संबोधन में शासन की कार्ययोजना के बारे में जानकारी दी तथा सभी सीएसी व पीएलसी मेंबर्स से उनके द्वारा तैयार योजना के बारे में जानकारी ली।

कार्यक्रम में स्वागत भाषण देते हुए विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी नवागढ़ श्री विजय कुमार लहरे ने पठन विकास कौशल की रूपरेखा व नवागढ़ ब्लाक में हो रही तैयारियों का ब्यौरा दिया। उन्होंने बताया कि जागरूकता रैली, दीवार लेखन, माताओं का उन्मुखीकरण के जरिये अभियान की सफलता हेतु तैयारी जारी है। 

पूरे योजना के तकनीकी बिंदूओं पर राष्टीय नवाचारी शिक्षक श्री राजेश कुमार सूर्यवंशी ने प्रोजेक्टर के माध्यम से विस्तार पूर्वक जानकारी प्रदान की तथा उपस्थित शिक्षकों के तकनीकी समस्याओं का समाधान किया। 

सहा. वि.ख. शिक्षा अधिकारी  व अभियान के नवागढ़ ब्लाक नोडल अधिकारी श्री तरूण कुमार साहू ने राज्य स्तरीय प्रशिक्षण में प्राप्त निर्देशों व अनुभवों पर बातचीत करते हुए सभी का मार्गदर्शन किया तो वही डाइट के व्याख्याता श्री प्रद्युम्न कुमार शर्मा व श्री गोपेश कुमार साहू ने पठन विकास को और कैसे बेहतर ढंग से संचालित करें के संबंध में प्रकाश डाला। इससे पूर्व कार्यक्रम में पहुंचे सभी अतिथियों का नवागढ़ बीईओ श्री लहरे की अगुवाई में गुलदस्ता भेंटकर अभिनंदन किया गया। 

कार्यक्रम का संचालन शिक्षक श्री राजेश कुमार सूर्यवंशी ने तथा आभार प्रदर्शन अजीम प्रेमजी फाउण्डेशन जांजगीर के मुखिया श्री सुभाष जी ने किया। इस अवसर पर संकुल सिवनी से श्री हरनारायण कुर्रे व श्री दिलीप साहू, गौशाला नैला से श्री अनिल शर्मा, सदर जांजगीर से श्री विनोद पाण्डेय, खोखरा से श्री शैलेन्द्र तंबोली, धनेली से श्री पुरूषोत्तम लाल साहू, धुरकोट से श्री जी.आर. कर्ष, अवरीद से श्री दिनेश शुक्ला, सेमरा से श्री बलराम जलतारे, अमोदा से श्री अनिल कुमार पाण्डेय, सिऊड़ से श्री मुबारक खान, नवागढ़ से श्री गिरधर निराला, केरा से श्री गुरूबचन जाटवर, मिसदा से श्री लोमश श्रीवास, गोधना से श्री रामकिशोर साहू, सलखन से श्री उत्तरा कुमार आजाद, किरित से श्री रविकांत साव, कटौद से श्री सुरित राम कश्यप व शिवरीनारायण से श्री लक्ष्मीचंद देवांगन सहित पीएलसी मेंबर्स श्रीमती जयंती दुबे, सीमा सेमरे, श्रीमती श्रद्धा तिवारी, श्रीमती शीला शर्मा, श्रीमती सरिता यादव, सपना राठौर, श्री राकेश सूर्यवंशी, श्रीमती डाली गोपाल, श्री मनोज दिवाकर, श्रीमती रमा श्रीवास, श्री प्रेमलाल यादव, श्री बदनराम परमहंस, श्री भोलाशंकर तिवारी, श्री होरीलाल कश्यप, श्री कमलेश कुमार कश्यप, श्री रामनारायण साहू, श्री प्रवीण बंजारा, रेवती साहू, श्री प्रमोद कुमार कंवर, श्री लीलाराम केंवट, अजीम प्रेमजी फाउण्डेशन से श्री नीरज राणा, सारिका, अर्चना आदि उपस्थित रहे। 








गौशाला संकुल में शाल श्रीफल से नवागढ़ बीईओ का हुआ अभिनंदन
अपने बेहतर कार्य योजना से नवागढ़ ब्लाक के सभी संकुलों की अकादमिक व्यवस्था में कसावट लाने वाले बीईओ श्री विजय कुमार लहरे का 12 मार्च को गौशाला संकुल के माता उन्मुखीकरण कार्यशाला में पहुंचने पर संकुल प्रभारी श्री महारथी राठौर व समन्वयक श्री अनिल कुमार शर्मा द्वारा शाल व श्रीफल भेंटकर सम्मान किया गया। इस अवसर पर एबीईओ श्री राजीव नयन शर्मा,  श्री शरद कुमार राठौर, श्री राजेश कुमार सूर्यवंशी सहित संकुल भर के प्रधान पाठक विशेष रूप से उपस्थित रहे। 







पठन कौशल विकास कार्यक्रम को सफल बनाने शिक्षा विभाग की नवागढ़ ब्लाक स्तरीय कार्यशाला संपन्न...

  
शिक्षा विभाग की राज्य स्तरीय योजना पठन कौशल विकास कार्यक्रम अप्रैल 2020 में चलायी जानी है, कार्यक्रम को नवागढ़ ब्लाक के सभी शासकीय प्राथमिक शालाओं में सफल बनाने आज 5 मार्च 2020 गुरूवार को संकुल केन्द्र सेमरा में शिक्षा विभाग नवागढ़ की ब्लाक स्तरीय कार्यशाला संपन्न हुई। विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी श्री विजय कुमार लहरे जी, बीआरसीसी श्रीमती ऋषिकांता राठौर जी, सहायक विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी श्री राजीव नयन शर्मा जी, श्री संजय कुमार देवांगन जी, श्री तरूण कुमार साहू जी व श्री इन्द्रमणि सिंह जी, पूर्व एबीईओ श्री दिनेश राठौर जी तथा नवाचारी शिक्षक श्री राजेश कुमार सूर्यवंशी जी की उपस्थिति में ब्लाक के सभी 18 संकुल केन्द्रों सिवनी, गौशाला नैला, सदर जांजगीर, खोखरा, धनेली, धुरकोट, अवरीद, सेमरा, अमोदा, सिउड़, नवागढ़, केरा, मिसदा, गोधना, सलखन, किरित, कटौद व शिवरीनारायण से शैक्षिक समन्वयकगण कार्यशाला में उपस्थित रहकर पठन कौशल विकास कार्यक्रम को सफल बनाने कार्ययोजना तैयार किये। इसके अलावा विभिन्न विभागीय योजनाओं की समीक्षा कर आवश्यक दिशा निर्देश विभागीय अधिकारियों द्वारा  दिए गये। 
विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी श्री विजय लहरे ने बैठक में उपस्थित सभी शैक्षिक समन्वयकों से अप्रैल माह में चालू होने जा रहे शिक्षा गुणवत्ता पठन कौशल विकास कार्यक्रम के क्रियान्वयन पर विस्तार पूर्वक चर्चा करते हुए कार्य योजना तैयार की साथ ही सभी से सुझाव भी मांगे, उन्होंने संकुल के प्रत्येक प्राथमिक शाला हेतु उच्च प्राथमिक शाला से मेंटर का चयन करने, मातृ समिति का बैठक व संचालन करने, संकुल के शत प्रतिशत शिक्षकों को प्रार्थना के समय उपस्थित होकर फोटोग्राफस भेजे जाने, विद्यार्थियों की जाति प्रमाण पत्र बनवाने, आगामी परीक्षा सहित विभिन्न मुद्दों पर निर्देश दिए। उन्होंने अभियान से संबंधित विभिन्न जानकारियों को त्वरित देने हेतु टेलीग्राम में एक ग्रुप तैयार कर सभी को जोड़ने के लिए शिक्षक राजेश कुमार सूर्यवंशी को जिम्मेदारी सौंपी। बीआरसीसी श्रीमती रिषीकांता राठौर ने नवाचार, बेस्ट प्रैक्टिस तथा सामुदायिक सहभागिता जैसे शैक्षणिक मुद्दों पर अपनी बात रखी। एबीईओ श्री राजीव नयन शर्मा व श्री संजय देवांगन ने मध्यान्ह भोजन योजना व कार्मिक संपदा से छूटे शिक्षकों सहित शैक्षणिक मुद्दों पर अपनी बात रखी। एबीईओ श्री इन्द्रमणि सिंह ने बताया कि सभी प्राथमिक शालाओं में अखबार के साथ मिलने वाली बाल पत्रिकाओं के पुराने अंकों को समुदाय से लेकर बच्चों को पढने के लिए उपलब्ध करवाया जाये। एबीईओ श्री तरूण साहू ने कहा कि ब्लाक से जारी कहानी किताबों को आलमारी में बंद करके न रखे बल्कि उन्हे बच्चों की पहुंच में रखें। इसके साथ ही पठन कौशल विकास से संबंधित विभिन्न सहायक सामग्री एवं शैक्षिक वीडियों तैयार कर जानकारियों को आपस में टेलीग्राम ग्रुप के जरिये साझा करते रहे। ब्लाक के तकनीकी मास्टर ट्रेनर व नवाचारी शिक्षक श्री राजेश कुमार सूर्यवंशी ने कार्यशाला को संबोधित करते हुए कहा कि पठन विकास कार्यक्रम व उपचारात्मक शिक्षण से संबंधित आनलाइन कोर्स द टीचर एप्प में उपलब्ध है जिसे ब्लाक के सभी शिक्षकों को पूरा कर अपनी समझ विकसित करनी चाहिए। इसके साथ ही चाक लिट में नया कोर्स हेतु आज से पंजीयन आरंभ हो चुका है जिसमें शिक्षकों को सहभागिता निभाने की बात कही गयी। टीम्स टी में आ रही तकनीकी दिक्कतों पर भी श्री सूर्यवंशी ने जानकारी दी वही वरिष्ठ व्याख्याता श्री दिनेश कुमार राठौर ने स्थापना की जानकारी बनाने में आ रही दिक्कतों को दूर करने अपने सुझाव दिए। उक्त समीक्षा बैठक में संकुल सिवनी से श्री हरनारायण कुर्रे व श्री दिलीप साहू, गौशाला नैला से श्री अनिल शर्मा, सदर जांजगीर से श्री विनोद पाण्डेय, खोखरा से श्री शैलेन्द्र तंबोली, धनेली से श्री पुरूषोत्तम लाल साहू, धुरकोट से श्री जी.आर. कर्ष, अवरीद से श्री दिनेश शुक्ला, सेमरा से श्री बलराम जलतारे, अमोदा से श्री अनिल कुमार पाण्डेय, सिऊड़ से श्री मुबारक खान, नवागढ़ से श्री गिरधर निराला, केरा से श्री गुरूबचन जाटवर, मिसदा से श्री लोमश श्रीवास, गोधना से श्री रामकिशोर साहू, सलखन से श्री उत्तरा कुमार आजाद, किरित से श्री रविकांत साव, कटौद से श्री सुरित राम कश्यप व शिवरीनारायण से श्री लक्ष्मीचंद देवांगन सहित श्री रामकृष्ण कटकवार, श्री सौरभ, श्री विनय आदि उपस्थित रहे। बैठक का आरंभ मां सरस्वती की पूजा अर्चना व वंदना के साथ किया गया। बैठक में स्वल्पाहार की व्यवस्था व कार्यक्रम का संचालन शैक्षिक समन्वयक सेमरा श्री बलराम जलतारे जी द्वारा किया गया तथा अंत में आभार प्रदर्शन एबीईओ श्री राजीव नयन शर्मा ने किया।




   


अमोदा के संकुल स्तरीय बैठक में पठन कौशल विकास के मुद्दों पर हुई चर्चा ...

जांजगीर-चांपा जिले के नवागढ़ ब्लाक के संकुल केन्द्र अमोदा में आज 4 मार्च बुधवार को संकुल स्तरीय मासिक बैठक आहूत की गयी। बीईओ श्री नवागढ़ विजय कुमार लहरे व बीआरसीसी श्रीमती ऋषिकांता राठौर के मार्गदर्शन में शैक्षिक समन्वयक श्री अनिल कुमार पाण्डेय ने बैठक में उपस्थित प्रधान पाठकों व शिक्षकों से शिक्षा गुणवत्ता पठन कौशल विकास कार्यक्रम के क्रियान्वयन पर विस्तार पूर्वक चर्चा करते हुए कार्य योजना तैयार की। उन्होंने संकुल के प्रत्येक प्राथमिक शाला हेतु उच्च प्राथमिक शाला से मेंटर का चयन करने, मातृ समिति का बैठक व संचालन करने, संकुल के शत प्रतिशत शिक्षकों को प्रार्थना के समय उपस्थित होकर फोटोग्राफस भेजे जाने, विद्यार्थियों की जाति प्रमाण पत्र बनवाने, आगामी परीक्षा सहित संज्ञानात्मक और सह संज्ञानात्मक गतिविधियों पर चर्चा, संगठनात्मक पक्ष व आधारभूत संरचना पर चर्चा के माध्यम से प्रकाश डाला तथा सभी से अपने विद्यालय में उक्त संदर्भ में काम करने के निर्देश दिए। बैठक में उपस्थित राष्ट्रीय नवाचारी शिक्षक श्री राजेश कुमार सूर्यवंशी ने टेलीग्राम ग्रुप की महत्ता व उपयोगिता, नवाचार, बेस्ट प्रैक्टिस तथा सामुदायिक सहभागिता जैसे शैक्षणिक मुद्दों पर अपनी बात रखी। बैठक में श्री प्रमोद कुमार हंसराज प्रधान पाठक पूर्व मा. शाला भादा, श्री कृष्ण कुमार सिंह प्र. प्रधान पाठक पूर्व मा. शाला भैसदा, श्री सदाराम गोयल प्र. प्रधान पाठक जन. प्राथ. शाला भैसदा, श्री धनीराम कंवर प्र. प्रधान पाठक प्राथ. शाला अकलतरी, श्री उमाशंकर सूर्यवंशी शिक्षक पूर्व मा. शाला अमोदा, सुश्री कमलेश्री पुलस्य शिक्षक पूर्व मा. शाला गौद, श्री लीलाधर साहू स. शिक्षक प्रा. शाला अमोदा, श्री शिवमणी कश्यप स.शि. नवीन प्रा. शाला अमोदा, श्री विद्यानंद राठौर प्रधान पाठक नवीन प्रा. शाला भैसदा, श्री अनंदराम गोड़ प्र. प्रधान पाठक प्रा. शाला नवापारा, श्री सोनाउराम मांझी प्र. प्रधान पाठक प्रा. शाला केवा, श्री दिलीप कुमार रात्रे प्र. प्रधान पाठक प्रा. शाला गौद, श्री अश्वनी टेंगवर स. शिक्षक प्रा. शाला भादा, श्री अनिल देवांगन प्रधान पाठक पूर्व मा. शाला पीथमपुर, श्री विशाल शर्मा प्र. प्रधान पाठक जन. प्राथ. शाला पीथमपुर, श्री प्रमोद साहू प्र. प्रधान पाठक प्रा. शाला गाड़ापाली, चिंतामणी साहू शिक्षक नवीन प्रा.शाला भैसदा आदि उपस्थित रहे।   






डिजिटल स्कूल में दीक्षांत समारोह के साथ परीक्षाफल की घोषणा, बच्चों को बांटे गये अंकसूची...

नवागढ़ ब्लाक के शास.पूर्व माध्य.शाला नवापारा (अमोदा) में शिक्षा सत्र के अंतिम दिवस आज 29 अप्रैल शनिवार को प्रगति पत्रक वितरण सह दीक्षांत समार...